CDS full form क्या होता है सम्पूर्ण जानकारी हिंदी में

नमस्कार दोस्तों आज के इस लेख में हम आपको CDS के विषय में जानकारी देंगे और CDS full form क्या है उसके बारे में भी बताएंगे। लाखों बच्चे CDS की तैयारी में जुटे होते हैं। CDS एक तरीके से सम्मिलित सुरक्षा सेवा होती है, जिसकी परीक्षा UPSC के द्वारा आयोजित की जाती है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि CDS असल में होता क्या है?

अगर आप नहीं जानते तो कोई बात नहीं आज के इस लेख में हम CDS kya hota hai और CDS के लिए क्वालिफिकेशन क्या होती है, इसी के साथ हम आपको CDS से जुड़े कुछ रोचक तथ्य भी बताएँगे। तो चलिए शुरू करते हैं –

CDS full form क्या है?

CDS Full Form

दोस्तों CDS ka full form, Combined Defense Services होता है। यह एक अंग्रेजी की शब्दावली है जिसका हिंदी में शब्दार्थ ‘सम्मिलित सुरक्षा सेवा’ या ‘संयुक्त सुरक्षा सेवा’ होता है।

कुछ ही समय पहले भारतीय सेना में एक CDS के पद को भी बनाया गया था। CDS एक पद भी होता है जिसे Chief of Defense Staff के नाम से जाना जाता है भारत के पहले Chief of Defense Staff जनरल बिपिन रावत थे। जिनकी हाल ही में प्लेन दुर्घटना में मौत हो गई थी। उसके पश्चात नए सीडीएस को नियुक्त किया गया था। Chief of Defense Staff 1 तरीके से भारतीय सेना के तीनों अंगों का मुखिया होता है।

अब आप सोच रहे होंगे कि भारतीय सेना के तीनों अंगों के मुखिया का नाम राष्ट्रपति होता है। लेकिन CDS का पद इसलिए बनाया गया था कि तीनों सेनाओं को जरूरत के समय कार्यवाही करने हेतु राष्ट्रपति के आदेशों का इंतजार न करना पड़े, और तात्कालिक प्रभाव से एक सेना का जनरल ही उन्हें आदेश दे सकें। इसलिए CDS को भारतीय सेना का मुखिया कहा जाता है।

CDS क्या होता है?

CDS एक प्रकार से भारतीय सेना में घुसने का एक तरीका है। जिन लोगों को भारतीय सेना में ज्वाइन करना होता है वह या तो CDS की तैयारी करते हैं या आर्मी फोर्स कॉमन एडमिशन टेस्ट की तैयारी करते हैं। इन परीक्षाओं का आयोजन केवल और केवल यूपीएससी के द्वारा किया जाता है।

आप जानते हैं कि CDS होता क्या है? यदि नहीं तो चलिए जानते है। दोस्तों, CDS संयुक्त रक्षा सेवाएं होती है, जिसे आमतौर पर सम्मिलित रक्षा सेवाएं के तौर पर भी जाना जाता है। यह भारतीय सुरक्षा बल के अंग होते हैं। आम तौर पर भारतीय सुरक्षा बल के 3 अंग होते हैं जिसे वायु सेना, थल सेना, और जल सेना कहा जाता है। इन तीनों में शुरूआती candidates की नियुक्ति CDS की परीक्षा के द्वारा ही करी जाती है।

आमतौर पर CDS एक तरीके से आर्मी recruitment परीक्षा है और भारतीय सेना में सेना बल को भरने के लिए एक रास्ता भी है। भारत में हर वर्ष दो बार CDS की परीक्षा आयोजित की जाती है, और इस परीक्षा के मूल रूप से 2 चरण होते हैं।

  • जिसमें पहली बार उम्मीदवारों की लिखित परीक्षा होती है।
  • दूसरा उनका Interview होता है।

जो व्यक्ति आकांक्षी लिखित परीक्षा को पास कर लेता है उसका ही Interview लिया जाता है, और जो व्यक्ति Interview में पास हो जाता है उसे ट्रेनिंग के लिए ट्रेनिंग सेंटर भेजा जाता है।

CDS की परीक्षा कब होती है?

CDS यानी कि Combined Defense Services की परीक्षा 1 वर्ष में निश्चित तौर पर दो बार होती है। पहली बार CDS की पहली परीक्षा कई बार अप्रैल और मई के महीने में होती है, और दूसरी परीक्षा सितंबर और अक्टूबर के महीने में होती है। यदि हम आपको सन 2023 में आयोजित होने वाले CDS की परीक्षा तिथियों के बारे में जानकारी दें तो CDS की पहली परीक्षा 2023 में 16 अप्रैल 2023 को होगी, तथा दूसरी परीक्षा 3 सितंबर 2023 को होगी।

यानी कि 1 वर्ष में यह परीक्षा दो बार आयोजित की जाएगी। यह परीक्षा आमतौर पर दो चरणों में पूरी की जाती है, जिसे लिखित परीक्षा और Interview के तौर पर देखा जाता है। 1 वर्ष में होने वाली दो CDS की परीक्षाओं में अलग-अलग लिखित परीक्षा तथा Interview होते हैं। यह परीक्षा 1 दिन की होती है जिसमें एक व्यक्ति लिखित परीक्षा देता है।

जिसके पश्चात यदि वह पास हो जाता है तो उसे Interview के लिए Invitation Later मिल जाता है। तथा यदि व्यक्ति Interview भी पास कर लेता है उसके पश्चात Interview पास व्यक्ति को भारतीय सेना के लिए चुन लिया जाता है, और बाद में ट्रेनिंग के लिए ट्रेनिंग सेंटर भेज दिया जाता है।

CDS की परीक्षा के लिए Eligibility Criteria

CDS के लिए भी आमतौर पर तीन प्रकार से आकांक्षी चुने जा सकते हैं, जिसमें वायु सेना अकादमी, भारतीय सैन्य अकादमी, और भारतीय नौसेना अकादमी के लिए रिक्रूटमेंट किया जाता है।

वायु सेना अकादमी में रिक्रूटमेंट के लिए शैक्षणिक योग्यता के अंतर्गत

  • आकांक्षी व्यक्ति को 12वीं कक्षा फिजिक्स और मैथ विषय के साथ पास होना जरूरी है, और स्नातक में इंजीनियरिंग या समकक्ष डिग्री प्राप्त करना जरूरी है।
  • आयु सीमा 19 वर्ष से 24 वर्ष तक रहेगी।

भारतीय सैन्य अकादमी के अंतर्गत

  • शैक्षणिक योग्यता किसी भी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से डिग्री हो सकती है।
  • आयु सीमा 19 वर्ष से 24 वर्ष तक रहेगी।

इसके अलावा भारतीय नौसेना के लिए

  • इंजीनियरिंग की डिग्री या फिर मैथ केमिस्ट्री और फिजिक्स विषय के साथ बीएससी की डिग्री होना आवश्यक है।
  • इसी के साथ आयु सीमा 19 वर्ष से 25 वर्ष तक रहेगी।

CDS की परीक्षा के लिए सिलेबस

यदि हम परीक्षा के प्रतिरूप विषय यानी के सिलेबस के बारे में बात करें, तो यहां पर सबसे पहले आपको प्राथमिक गणित जो कक्षा 12 तक होती है, वह पूछी जाएगी।

सामान्य अंग्रेजी और सामान्य ज्ञान जिसमें इंटरनेशनल रिलेशन में पूछे जा सकते हैं, वे आपसे पूछे जाएंगे।

प्राथमिक गणित में 100 अंकों की होगी, अंग्रेजी 100 अंकों की होगी, और सामान्य ज्ञान के 100 अंकों का होगा।

CDS की सैलरी

CDS की परीक्षा पास करने के बाद आप लेफ्टिनेंट, कैप्टन, मेजर, लेफ्टिनेंट कर्नल, कर्नल, ब्रिगेडियर, और मेजर जनरल बन सकते हैं। यह सारे पद आपके रैंक बढ़ने पर आपको मिलते हैं।

लेफ्टिनेंट से मेजर पद के लिए ₹15000 से ₹40000 की सैलरी हो सकती है। लेफ्टिनेंट कर्नल से मेजर जनरल पद की सैलरी ₹34000 से ₹67000 के बीच में हो सकती है। लेफ्टिनेंट जनरल की सैलरी ₹79000 हो सकती है, और इसके ऊपर के पदों के लिए आप की सैलरी ₹80000 से ₹90000 के बीच में हो सकती है।

निष्कर्ष

आज के लेख में हमने जाना कि CDS Kya hota hai, इसके अलावा हमने यह भी जाना कि CDS ka full form क्या है। हम आशा करते हैं कि आज का यह लेख आपके लिए काफी मददगार रहा होगा। यदि आप कोई सवाल पूछना चाहते हैं तो कमेंट बॉक्स में कमेंट कर सकते हैं।

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